Saturday, 14 March 2015

मात्र 10 दिन में बन जाएगा आपका PASSPORT, ये है नया तरीका

नई दि‍ल्‍ली. पासपोर्ट बनवाने के लिए ऑनलाइन आवेदन करने वालों के लिए अच्छी खबर है। अब सिर्फ 10 दिन में पासपोर्ट बन सकता है। इसके लिए ऑनलाइन आवेदन करना होगा और इसके लिए डॉक्युमेंट्स की लिस्टिंग करना भी जरूरी नहीं है। अपने डॉक्युमेंट्स आवदेक ऑनलाइन समिट कर सकता है। साथ ही, आइडेंटिटी प्रूफ और ऐड्रेस प्रूफ जैसे तमाम डॉक्युमेंट की जगह सिर्फ एक आधार कार्ड से भी काम हो सकता है। आवेदन करते ही आपको अगले 3 दिनों में अप्वॉइंटमेंट मिल जाएगा। पूरी प्रक्रिया होने के ठीक 7 दिन बाद आपका पासपोर्ट आपके हाथ में होगा। यानी कुल मिलाकर सिर्फ 10 दिनों में आपका पासपोर्ट आपके पास आ सकता है।
गाजियाबाद के पासपोर्ट अधिकारी सीताराम यादव का कहना है कि पहले प्रॉसेस में समय लगता था। इसलिए डॉक्युमेंटेशन के जरिए समय को बचाने की कोशिश की जा रही है। हालांकि, कभी-कभी डाक सेवा में देरी या छुट्टियों के चलते पासपोर्ट पहुंचने में ज्यादा समय लग जाता है।
आधार कार्ड का फायदा
सरकार ने आधार कार्ड की प्रक्रिया से आवेदक की आपराधिक गति‍वि‍धि‍यों के सत्यापन की प्रणाली बनाने की कोशिश की है। नई प्रक्रिया के तहत यदि कोई पासपोर्ट के लिए आवेदन करता है और उसके पास आधार कार्ड नहीं है, तो पहले उसे आधार कार्ड बनवाना पड़ सकता है।
क्यों होती थी देरी
दरअसल, सरकार के पास पासपोर्ट के लिए पुलिस सत्यापन के संबंध में लगातार शिकायतें आती हैं और इसके चलते पासपोर्ट जारी करने में देरी होती है। आवेदक को सुविधा देने के लिए मिनिस्ट्री ऑफ होम अफेयर्स ने यह निर्णय लिया है। हम आपको बता रहे हैं कि आवेदक किस तरह अपने पासपोर्ट के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकता है और सिर्फ 10 दिन में अपना पासपोर्ट हासिल कर सकता है।
आइये, जानते हैं क्या है पासपोर्ट के लिए ऑनलाइन आवेदन का प्रॉसेस...
स्टेप-1- पासपोर्ट सेवा पोर्टल पर खुद को रजिस्टर करें

सबसे पहले पासपोर्ट सेवा पोर्टल की वेबसाइटhttp://www.passportindia.gov.in/AppOnlineProject/welcomeLink पर जाएं। पेज पर register now के लिंक पर क्लिक करें। रजिस्टर करें। इसमें अपनी डिटेल्स भरें। इसके बाद आपको ई-मेल आईडी पर लॉगिन आईडी मिल जाएगी। वापस होम पेज पर जाएं।
स्टेप-2- लॉगिन करें
ई-मेल पर आए लिंक पर क्लिक करके अपने अकाउंट को एक्टिवेट करें। यूजर आईडी भरें और फिर पासवर्ड डालें। अप्लाई फॉर फ्रेश पासपोर्स (Apply For Fresh Passport) या री-इश्यू ऑफ पासपोर्ट लिंक पर क्लिक करें। इसके बाद दो पार्ट हैं। ऑनलाइन पासपोर्ट आवेदन करने के लिए दूसरे ऑप्शन पर क्लिक करें।

किले में तब्‍दील हुई अयोध्या, 6 जिलों की सीमाएं सील

नई दिल्ली। पाबंदी के बावजूद अयोध्या के आसपास 84 कोस की परिक्रमा करने के विश्व हिंदू परिषद के ऐलान से सियासत गरमा गई है। उधर, कड़ा संदेश देते हुए यूपी सरकार ने आज कहा कि वो यूपी को गुजरात नहीं बनने देगी। वहीं बीजेपी खुलकर वीएचपी के साथ खड़ी हो गई है। माहौल को देखते हुए सुरक्षा बंदोबस्त कड़े कर दिए गए हैं। अयोध्या से जुड़ने वाले छह जिलों की सीमाएं सील कर दी गई हैं। साथ ही बड़े पैमाने पर पुलिस बल का भी इंतजाम किया जा रहा है।

चुनाव की आहटों के बीच उत्तर प्रदेश में एक बार फिर धर्मध्वजाएं लहराने लगी हैं। माना जाता है कि भगवान राम का साम्राज्य अयोध्या के इर्द-गिर्द 84 कोस में फैला था। इसीलिए श्रद्धालु हर साल चैत्र पूर्णिमा से वैशाख पूर्णिमा के बीच 84 कोस की यात्रा करते हैं। इस साल भी 25 अप्रैल से 20 मई के बीच ये यात्रा हुई। लेकिन जब अयोध्या के जरिये लखनऊ और दिल्ली की गद्दी निशाने पर हो तो मसला न श्रद्धा का रह जाता है और न श्रद्धालुओं का।

यही वजह है कि विश्व हिंदू परिषद ने 25 अगस्त से 84 कोस की परिक्रमा नए सिरे से करने का ऐलान किया है। नतीजा, मर्यादा पुरुषोत्तम राम की नगरी अयोध्या, एक बार फिर मर्यादा टूटने की आशंका में सुरक्षाबलों से घिर गई है। समाजवादी पार्टी की सरकार भी इस मौके को हाथ से नहीं जाने देना चाहती। विहिप की यात्रा के साथ कड़ाई से पेश आकर वो राजनीतिक संदेश देना चाहती है तो बीजेपी भी राम के नाम पर वोट बटोरने की उम्मीद से भर उठी है।

सपा सरकार में कैबिनेट मंत्री और प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी कहते हैं कि यूपी को गुजरात नहीं बनने देंगे। दूसरी ओर बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मीकांत वाजपेयी ने भी कहा कि अब तक ऐसी गोली नहीं बनी जो संतों पर चल सके। सरकार गुजरात फोबिया से ग्रसित है।
पूर्व मुख्यमंत्री मायावती कहती हैं कि वोटों के लालच में एसपी और बीजेपी सूबे को दंगों की आग में झोंकना चाहते हैं। यूपी में कानून-व्यवस्था में सपा सरकार फेल हो चुकी है। जनता काफी नाराज है। बीजेपी और एसपी दोनों को मालूम है कि लोकसभा चुनाव नजदीक है। उसी के मद्देनजर ये दोनों पार्टियां अपनी मिलीभगत से ये राजनीति कर रही हैं। इसकी आड़ में दोनों पार्टियां अपना उल्लू-सीधा करना चाहती हैं। ये दोनों हिंदू-मुस्लिम को लड़ाना चाहती हैं और दंगे कराना चाहती हैं।

बहरहाल, प्रशासन ने तैयारी तेज कर दी है। अयोध्या और अयोध्या की तरफ जाने वाले इलाकों में सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त हो रहे हैं। अयोध्या के आसपास के छह जिलों की सीमाएं सील कर दी गई हैं। साथ ही निषेधाज्ञा भी लागू कर दी गई है। बड़ी तादाद में पीएसी और पुलिस बल बुला लिया गया है। संवेदनशील जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जा रहे हैं। राममंदिर आंदोलन के सहारे राजनीतिक ऊंचाई छूने वाली बीजेपी बाबरी मस्जिद टूटने के बाद यूपी में लगातार कमजोर हुई है। 2014 के आम चुनाव के पहले पूरा संघ परिवार हालात बदलने पर जुटा है। 84 कोस यात्रा को लेकर विश्व हिंदू परिषद ने पिछले कई सालों से कोई सुगबुगाहट नहीं दिखाई थी। उसका अचानक यूं सक्रिय होना किसी बड़ी राजनीतिक योजना का हिस्सा माना जा रहा है। उधर, 2012 का विधानसभा चुनाव फतेह कर चुकी समाजवादी पार्टी को उम्मीद है कि 84 कोसी यात्रा को लेकर कड़ाई बरतने से अल्पसंख्यकों और सेक्युलर जमात के बीच अच्छा संदेश जाएगा। साथ ही, उसके शासन की तमाम कमजोरियां बहस में पीछे हो जाएंगी।

देखें, ‘मोहब्बते’ के बाद शाहरुख-बिग बी फिर एकसाथ

अमिताभ बच्चन और शाहरुख खान फिर एकबार एकसाथ दिख सकते है। ‘चेन्नई एक्सप्रेस’ के बाद आर बाल्कि की अगली फिल्म करने जा रहे है जिसके लिए अमिताभ को भी अप्रोच किया गया है।

धोनी के ऑटोग्राफ वाला मोबाइल फोन

धोनी के चाहने वालों के लिए बाजार में उतरा धोनी के ऑटोग्राफ वाला मोबाइल फोन ‘मैक्स एमएस-2020’। मोबाइल निर्माता कंपनी ‘मैक्स’ के ब्रांड एम्बेस्डर महेंद्र सिंह धोनी के ऑटोग्राफ वाले ये मोबाइल फोन गोल्डन कलर में बाजार में उपलब्ध रहेगा। ये एक क्वार्टी फोन है इसमें 2.2 इंच की डिसप्ले स्क्रीन है, 1.3 मेगापिक्सल कैमरा, एफएम रेडियो रिकॉर्डिंग के साथ, 2जीबी का मेमोरी कार्ड, वाई-फाई, ब्लूटूथ, 4 घंटे का टॉक टाइम जैसी कई खूबियां है। इस सुनहरे रंग के धोनी के ऑटोग्राफ वाले इस फोन की कीमत सिर्फ 2,097 रुपए है।

बहुत स्पेशल और आकर्षक हैं ये नए स्मार्टफोन

लग्जरी घड़ियां बनाने वाली स्विस कंपनी ‘टैग ह्युअर’ ने मोबाइल शौकिनों के लिए स्मार्टफोन बाजार में अपनी मौजूदगी दर्ज कराते हुए बेहद लग्जरी स्मार्टफोन ‘टैग ह्युअर लिंक’ को मोबाइल बाजार में उतारा। एंड्रॉयड आधारित ये स्मार्टफोन स्‍टील, टाइटेनियम, हीरे और 18 कैरेट गोल्ड जैसी धातुओं से बने हुऐ कवर में उपलब्‍ध होगा। 3.5 इंच की डिसप्ले स्क्रीन वाले इस फोन में 5 मेगापिक्सल कैमरा, 8जीबी विस्तारित मेमोरी क्षमता, 6 घंटे का बैटरी बेकअप, वाई-फाई, ब्लूटूथ, 3जी सुविधा, वीडियो-म्यूजिक प्लेयर, 256 एमबी इंटरनल मेमोरी जैसी कई आकर्षक खूबियां है जो इसे पूरी तरह से स्मार्टफोन की श्रेणी में रखती हैं। 200 ग्राम वजनी इस बेशकीमती लग्जरी मोबाइल फोन की कीमत करीब 3 लाख 42 हजार रुपए है।

फिर जन्मा एक धड़, दो सिर वाला बच्चा

यह एक ऎसा विचित्र संयोग है जो आपको सिर खुजलाने पर मजबूर कर देगा। पिछले सप्ताह इंडोनेशिया में एक दुर्लभ जुड़वां बच्चे का जन्म हुआ था जिसके सिर तो दो थे लेकिन धड़ एक ही था। गत मंगलवार की रात उसकी मौत हो गई। और उसी रात एक आश्चर्यजनक घटना हुई। हजारों मील दूर फिलीपींस में उसी रात फिर वैसे ही जुड़वां बच्चे ने जन्म लिया, दो सिर और एक धड़ वाले बच्चे ने
फर्क सिर्फ इतना ही था, इंडोनेशिया के वे अद्भुत जुड़वां बालक थे और फिलीपींस की बालिकाएं हैं। यह तस्वीर है इंडोनेशिया के जुड़वां बालकों की।

आमतौर पर शारीरिक रूप से जुड़े हुए जुड़वां बच्चों के धड़ अलग होते हैं, सिर जुड़ा होता है, लेकिन इन बच्चों के सिर अलग थे और धड़ एक ही था। फिलीपींस में पहली बार इस तरह के जुड़वां बच्चे ने जन्म लिया है। उसके जन्म से डॉक्टर भी आश्चर्यचकित थे क्योंकि मां के अल्ट्रासाउण्ड में शिशु के जुड़वां होने का पता नहीं चला था। इन जुड़वां बच्चों को जन्म देने वाली 29 वर्षीया मां के चार बच्चे और हैं, तथा उनमें से कोई भी जुड़वां नहीं है। यह तस्वीर है फिलीपींस की जुड़वां बच्चियों की। 

Monday, 2 February 2015

जो प्यार में देते हैं धोखा, वो बनते हैं अच्छे राजनेता और भी

अगर आपने कभी प्यार में किसी को धोखा दिया है तो आप एक अच्छे राजनेता बन सकते हैं. ये सुनने में थोड़ा अजीब लगे लेकिन एक रिसर्च इस बात को साबित करती है.
डेली स्टार में छपी एक रिपोर्ट के मुताबिक जो लोग प्यार में अपने साथी को धोखा देते हैं वैसे लोग अच्छे राजनेता बन सकते हैं. मनोवैज्ञानिक लूसी रेडफोर्ड के मुताबिक ऐसे लोगों को लगता है कि वो किसी को भी धोखा दे सकते हैं और बिना किसी विवाद के समस्या से बाहर निकल सकते हैं. ऐसे लोगों की मानसिकता ऐसी भी होती है कि अगर वो किसी विवाद में फंस भी जाते हैं तो उससे बाहर निकलने का रास्ता वो खुद ही निकाल लेते हैं.
इस दौरान 1000 वैसे लोगों पर ये रिसर्च की गई जिन्होंने कभी ना कभी अपने साथी को प्यार में धोखा दिया था. मनोवैज्ञानिकों को ये जानकर हैरानी हुई कि इन 1000 लोगों में से 235 लोग राजनीति में सक्रिय हैं. जिसमें सरकारी विभाग, संसदीय कार्य, राजनीतिक प्रतिनिधि और लोकल काउंसलर जैसे लोग शामिल हैं.
क्लेर पेज नाम की एक डेटिंग वेबसाइट ने इस बात पर मुहर लगाई है कि कई हाई-प्रोफाइल राजनेता उनके माध्यम से दूसरी महिलाओं के साथ डेटिंग करते हैं